पासिंग आउट परेड दीक्षांत एवं शपथ ग्रहण समारोह संपन्न
आईटीबीपी रिक्रूट ट्रेनिंग सेंटर में 171 नव सैनिक गहन प्रशिक्षण के बाद आज शामिल हुए
मुख्य अतिथि द्वारा परेड का निरीक्षण किए जाने के उपरांत नवारक्षकों की संपूर्ण परेड को राष्ट्रीय एवं बल के झंडे के समक्ष सच्ची निष्ठा एवं शौर्य दृढ़ता से देश सेवा करने की शपथ दिलाई गई। इसके उपरांत संपूर्ण परेड की प्लाटूनो ने सलामी मंच से धीरे चाल व तेज चाल से गुजरते हुए दाहिने देख की कार्रवाई कर मुख्य अतिथि का अभिनंदन किया। नवारक्षकों की परेड की सभी कार्रवाई देखते ही बनती थी और परेड के उत्कृष्ट प्रदर्शन ने मुख्य अतिथि व दर्शकों का मन मोह लिया। परेड की कार्रवाई पूर्ण होने पर आरटीसी करैरा प्रशिक्षण संस्थान के प्रमुख डीआईजी भंवर सिंह ने उपस्थित मुख्य अतिथि, गणमान्य नागरिकों, अभिभावकों व बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि इन प्रशिक्षुओं को 24 सप्ताह के कठिन प्रशिक्षण से गुजरने के पश्चात आज इन्हें एक संपूर्ण सैनिक का दर्जा अर्जित हुआ है। प्रशिक्षुओं की ट्रेनिंग में बैटल क्राफ्ट, हथियार प्रशिक्षण, फील्डक्राफ्ट, मानचित्र अध्ययन, प्रति विद्रोहिता, ड्रिल, आपदा प्रबंधन तथा कंप्यूटर आदि का प्रशिक्षण शामिल है। उन्होंने कहा कि यह प्रशिक्षु कठिन प्रशिक्षण की भट्टी से तपकर व करेरा की भीषण गर्मी के दौर से गुजर कर कुंदन बने हैं। इन प्रशिक्षणार्थियों को कठिन से कठिन परिस्थितियों का सामना करने के लिए प्रशिक्षित किया गया है। प्रशिक्षण पूर्ण होने के उपरांत अब यह नवसैनिक देश सेवा हेतु समर्पित हैं। हम उनके सफल जीवन तथा उज्जवल भविष्य की कामना करते हैं। इसके पश्चात *मुख्य अतिथि आई जी ईश्वर सिंह दुहन ने उपस्थित परेड जवानों व उनके अभिवावकों, अधिकारियों सहित अन्य गणमान्यो को संबोधित करते हुए कहा कि भारत तिब्बत सीमा पुलिस बल विश्व के ग्लोबल सुरक्षा बलों में से एक प्रतिष्ठित बल के रूप में जाना जाता है। इस बल का प्राथमिक कर्तव्य भारत-चीन सीमा पर चौकसी करना है, हमारे तैनाती का स्थान अति दुर्गम क्षेत्रों में है जहां का जीवन अत्यंत ही दूभर है, तैनाती के अधिकतर स्थानों पर तापमान शून्य से -40 डिग्री सेल्सियस तक चला जाता है। इसके अतिरिक्त ऊंचाई वाले स्थानों पर ऑक्सीजन का बहुत कम मात्रा में होना मौसम की अगली चुनौती हमारे लिए होती है। इन समस्त चुनौतियों के पश्चात भी हम निरंतर देश सेवा में तत्पर रहते हैं। उपरोक्त के अतिरिक्त केंद्र सरकार द्वारा इस बिल को विभिन्न आंतरिक सुरक्षा, चुनाव ड्यूटी, वीआईपी सुरक्षा, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में ड्यूटी, उच्चायोगो की सुरक्षा आदि जिन्हें इस बल ने शौर्य दृढ़ता एवं कर्म निष्ठा के मूल मंत्र के साथ निभाया है। इसके अतिरिक्त आपदाओं से निपटने में भी इस बल की अहम भूमिका निभाते हुए आपदा से ग्रस्त स्थानों पर स्थानीय जनता को हर संभव सहायता प्रदान की है। आइटीबीपी को पर्वतारोहण स्कीईंग, एवं मार्शल आर्ट के क्षेत्र में भी दक्षता प्राप्त है, तथा इस क्षेत्र में राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी इस बल ने अनेक ख्यातिया अर्जित की है। आज आतंकवाद, माओवाद, अंतर्राष्ट्रीय सीमाओं से घुसपैठ जैसी कठिन समस्या हमारे देश के लिए प्रमुख समस्याएं हैं। मुझे पूर्ण आशा है कि इन सब समस्याओं से निपटने में हमारे जवान सफल होंगे। परेड के मंच से महानिरीक्षक श्री दुहन ने कहा कि नवसैनिकों की इस भव्य परेड से मैं अत्यंत प्रभावित हुआ हूं और आज एक उत्कृष्ट एवं अनुशासित परेड का उदाहरण प्रस्तुत कर इन नवसैनिकों ने मन मोह लिया है। इस भव्य परेड के अवसर पर उन्होंने नव सैनिकों की उज्जवल भविष्य और सफल जीवन की मंगल कामना की है। परेड की समाप्ति उपरांत सेनानी अमित कटियार ने मुख्य अतिथि सहित पधारे सभी अतिथियों का आभार व्यक्त भी किया है। कार्यक्रम में डीआईजी भवर सिंह , सेनानी अमित कटियार, द्वितीय कमान दुष्यंत राज जायसवाल, उप सेनानी राजेंद्र राजपूत, विजय सिंह चौहान, अंजुल खुगसल, सहायक सेनानी विनोद भाटी, तेजवीर, इंजीनियर हरिमोहन सिंह सहित अनेक अधिकारी व जवान उपस्थित थे।





