नरवर (गणेश प्रसाद चीता)। 7वां राष्ट्रीय आयुर्वेदिक दिवस के अवसर पर आज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मगरोनी में मुख्य अतिथि पूर्व सरपंच तोरण सिंह तोमर व वर्तमान पार्षद पति और मेडिकल ऑफिसर एलडी शर्मा, आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी एसके लोधी व अन्य कर्मचारी एवं नगर के गणमान्य नागरिक की उपस्थिति में सातवां आयुर्वेदिक दिवस का आयोजन किया गया। तारा सिंह तोमर के आतिथ्य में कार्यक्रम आयोजित किया गया एवं उसमें योगा भी कराया गया।
श्री तोमर ने अपने उद्बोधन में कहा कि आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति आज हमारा देश जब से बनाया विश्व बनाया जब से प्रचलित है। आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति से शरीर में कोई साइड इफेक्ट नहीं होता और लोग सैकड़ों वर्ष पहले सैकड़ों वर्ष पहले इस चिकित्सा पद्धति से उनकी उम्र 100 वर्ष से अधिक होती थी, परंतु आज की जो चिकित्सा पद्धति है। उस से शरीर बहुत से साइड इफेक्ट होते हैं और जिससे शरीर कमजोर हो जाता है अन्य बीमारियां उसको घेर लेती हैं। वर्तमान पद्धति से आज जो हमारे देश में जो औसत आयु हो गई है वह घटकर 65 रह गई है आज भी हम प्रकृति के साथ आयुर्वेदिक चिकित्सा करें तो हमारा शरीर स्वस्थ रहेगा और इस पद्धति से जुड़कर लंबा जीवन यापन व स्वस्थ जीवन जीया जा सकता है।



