शिवपुरी। ग्राम करई में बीते एक माह से चल रहे धार्मिक अनुष्ठानों का आज विधिवत पूर्णाहुति एवं विशाल भंडारे के साथ भव्य समापन हुआ। पूरे आयोजन के दौरान गांव भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर नजर आया।
इस विराट धार्मिक आयोजन के अंतर्गत दुर्गाशत् चंडी पाठ, एक माह तक निरंतर चला सीताराम अखंड रामनाम पाठ, नवकुंडात्मक महायज्ञ तथा श्रीमद्भागवत मूल पाठ एवं कथा का आयोजन किया गया। समापन अवसर पर वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधि-विधानपूर्वक महायज्ञ की पूर्णाहुति दी गई, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। कार्यक्रम में प्रसिद्ध कथावाचक अंकित व्यास ने श्रीमद्भागवत कथा का रसपान कराया, वहीं यज्ञाचार्य पं. रमाकांत पांडे के सान्निध्य में वैदिक रीति से महायज्ञ संपन्न हुआ। आयोजन का केंद्र रहा करई स्थित मां इमली वाली माता मंदिर परिसर, जहां श्रद्धालुओं की अपार भीड़ उमड़ी। इस महाआयोजन में दुर्गा सप्तशती चंडी पाठ एवं नवकुंडात्मक महायज्ञ के यजमान मोहित भार्गव सरपंच करई तथा श्रीमद्भागवत कथा ज्ञानयज्ञ के यजमान मायाराम झा ने विशेष भूमिका निभाई। साथ ही 37 मुख्य यजमानों ने नवकुंडात्मक हवन में श्रद्धापूर्वक आहुतियां अर्पित कर धर्मलाभ अर्जित किया। पूर्णाहुति के उपरांत आयोजित विशाल भंडारे में आसपास के अनेक गांवों से आए 40,000 से अधिक श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की। भंडारे में उमड़ी भारी भीड़ ने आयोजन की भव्यता और जनआस्था का अद्भुत दृश्य प्रस्तुत किया। पूरे आयोजन की व्यवस्थाओं को सफल बनाने में समस्त ग्रामवासियों का सराहनीय योगदान रहा। कार्यक्रम ने न केवल धार्मिक आस्था को सुदृढ़ किया, बल्कि गांव की सामाजिक एकता और सामूहिक सहयोग की भी अनुपम मिसाल पेश की।


