बागेश्वरधाम कथा में उमड़ा जनसैलाब: पं. धीरेन्द्र शास्त्री बोले- बच्चों को धर्म-संस्कार का मार्ग दिखाओ, यही मानवता की रक्षा का पथ

MP DARPAN
0

शिवपुरी। स्थानीय नर्सरी ग्राउंड में चल रही श्रीमद् भागवत कथा के पंचम दिवस पर श्रीबागेश्वरधाम पीठाधीश्वर पं. धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि मनुष्य जीवन बड़ा अमूल्य है और ईश्वर को पाना है तो सरलता, संस्कार और धर्म-ज्ञान ही सर्वोत्तम मार्ग हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों को आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ धर्म–संस्कार अवश्य दिए जाएँ, क्योंकि संस्कारहीन समाज मानवता को समाप्त कर देता है। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि हिन्दू धर्म की रक्षा में बच्चे भी धर्म-प्रहरी बनें।

कथा में पूर्व मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा, दंदरौआ सरकार धाम के श्रीरामदास जी महाराज समेत अनेक संतों ने सहभागिता कर व्यासपीठ का पूजन किया। लाखों श्रद्धालु कथा स्थल पर उपस्थित रहे, जहाँ बाल लीलाओं, पूतना वध, यम द्वितीय और श्रीकृष्ण–रूकमणि विवाह प्रसंग का विस्तृत वर्णन हुआ।

शनिवार को दीक्षा महोत्सव

मुख्य यजमान ऊषा–रामप्रकाश गुप्ता एवं शिल्पी–कपिल गुप्ता परिवार के सहयोग से शनिवार को सुबह 10 बजे से गुरूदीक्षा महोत्सव होगा, जिसमें पंजीकृत शिष्यों को बागेश्वरधाम से गुरूदीक्षा प्रदान की जाएगी।

रविवार लगेगा दिव्य दरबार, दूर होंगी प्रेत बाधाएँ

30 नवम्बर को पं. धीरेन्द्र शास्त्री द्वारा विशेष विधि से तंत्र-मंत्र, टोना–टोटका एवं प्रेत बाधाओं से मुक्ति दिलाई जाएगी। श्रद्धालुओं से एक नारियल लाल कपड़े में लपेटकर लाने का आग्रह किया गया है। कथा विश्राम दिवस पर विशाल दिव्य दरबार भी आयोजित होगा, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं की समस्याएँ सुनी जाएँगी। कथा में वृद्धजनों के लिए अलग व्यवस्था की गई और कई को मंच पर लाकर आरती कराई गई।

जानकी सेना द्वारा सुंदरकाण्ड पाठ 29 को 

जानकी सेना संगठन द्वारा 29 नवम्बर को सुबह 10:30 बजे से 2100 सदस्यों के साथ संगीतमय सुंदरकाण्ड पाठ किया जाएगा। इसके बाद छठवें दिवस की कथा का श्रवण कराया जाएगा।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें (0)
To Top